लखनऊ उत्तर भारत में एक प्रमुख शहर है। यहां मध्यवर्गीय परिवार, व्यापारी, और सरकारी कर्मचारी घर खरीद रहे हैं। लेकिन डीलर्स अभी भी इन ग्राहकों तक नहीं पहुंच पा रहे।
सूरत में हीरे की तरह अवसर हैं। यहां की प्रॉपर्टी मार्केट बहुत एक्टिव है, लेकिन डीलर्स अभी भी पुरानी तकनीकें इस्तेमाल कर रहे हैं।
अहमदाबाद एक तेज़ी से विकसित होने वाला शहर है। यहां बिज़नेसमैन्स, उद्यमी, और निवेशक प्रॉपर्टीज़ खरीद रहे हैं। लेकिन पुराने सिस्टम में आप उन तक नहीं पहुंच पा रहे।
हैदराबाद टेक-सवेत शहर है। यहां हर कोई डिजिटल है, हर कोई स्मार्ट है। अगर आप अभी भी डिजिटल नहीं हो, तो आप सड़क पर पिछड़ जाएंगे।
चेन्नई एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक केंद्र है। यहां कॉर्पोरेट ट्रांसफरस, आईटी इंडस्ट्री, और विदेशी निवेश काफी हैं। जो डीलर इस अवसर को समझ नहीं रहे, वो बड़ी गलती कर रहे हैं।
जयपुर एक उभरता हुआ शहर है। यहां सैकड़ों नए प्रोजेक्ट्स चल रहे हैं, हजारों लोग घर खरीद रहे हैं, लेकिन डीलर्स अभी भी पुरानी तरीकों से काम कर रहे हैं।
बेंगलुरु वो शहर है जहां टेक्नोलॉजी सब कुछ तय करती है। यहां के खरीदार डिजिटली सवेदनशील हैं, स्मार्ट हैं, और वो सिर्फ उन डीलर्स को चुनते हैं जो आधुनिक तरीके से काम करते हैं।
मुंबई में रियल एस्टेट का खेल ही अलग है। यहां बड़ी रकम, बड़ी डील्स, और बड़ा बाज़ार है। लेकिन जो डीलर अभी भी व्हाट्सएप और फोन कॉल पर निर्भर हैं, वो अपने ही हाथों से लाखों गंवा रहे हैं।
दिल्ली का बाज़ार तेज़ है, मार्जिन कम है, कंपीटिशन भारी है। ऐसे में जो डीलर पुराने तरीके से काम कर रहे हैं, वो हर महीने हजारों रुपये का नुक़सान कर रहे हैं।
दिल्ली, मुंबई, पटना, जयपुर, भोपाल, अहमदाबाद, सूरत, लखनऊ, देहरादून, चेन्नई, हैदराबाद, कोलकाता, चंडीगढ़, नागपुर — हर शहर में प्रॉपर्टी डीलिंग का तरीका बदल रहा है। अब वक्त आ गया है डिजिटल इंडिया के हाउस होल्डर ऐप के साथ कदम मिलाने का।